राजनीति शास्त्र (POLITY) कक्षा 7 (CLASS 7) अध्याय 4 (CHAPTER 4) लड़कियों या लड़कों के रूप में बड़े होना हमारे समाज में लड़के या लड़की के रूप में बड़े होने का अलग ही अनुभव है| किसी का लड़का या लड़की होना उसकी एक महत्वपूर्ण पहचान है उसकी अस्मिता है| हमारा समाज हमें सिखाता है कि लड़के और लड़कियों का व्यवहार कैसे अलग होता है उनका कैसा व्यवहार समाज में स्वीकार है| लड़कियां लड़कियों के लिए नजरिया एक सा नहीं होता| बच्चों के मन में तैयार आज की पृष्ठभूमि भविष्य में उनकी स्त्री या पुरुष बनने पर उस भूमिका के निर्वाह में मददगार साबित होती है |आज की पृष्ठभूमि उनके भविष्य के व्यवहार के लिए उत्तरदाई होती है | प्रायः अधिकतर समाज में लड़को , लड़कियों की भूमिका भिन्न-भिन्न होती है| उनके प्रति समाज की अपेक्षाएं अलग-अलग होती हैं | हमारे समाज में महिलाओं को कम महत्व दिया जाता है |उनके द्वारा किए गए कार्य को पुरुषों द्वारा किए गए कार्य के सामने तुच्छ माना जाता है |यहां तक कि बचपन में लड़कों और लड़कियों को खेलने हेतु खिलौने भी भिन्न दिए जाते हैं |उद...
राजनीति शास्त्र (POLITY) कक्षा -7 (CLASS-7) अध्याय 1 (CHAPTER-1) समानता भारतीय लोकतंत्र में समानता भारत एक लोकतांत्रिक देश है |समानता लोकतंत्र की मुख्य विशेषता है और इसकी कार्यप्रणाली के सभी पहलुओं को प्रभावित करती है |भारतीय संविधान सब व्यक्तियों को समान मानता है इसका धर्म है कि देश में व्यक्ति चाहे व पुरुष हो या स्त्री किसी भी जाति धर्म शैक्षिक और आर्थिक पृष्ठभूमि से संबंध रखते हैं सब सामान माने जाएंगे| समानता को स्थापित करने के लिए संविधान में जो प्रावधान है उनमें से कुछ निम्नलिखित है---- 1-- कानून की दृष्टि में हर व्यक्ति समान है|( विधि के समक्ष समानता 2-- किसी भी व्यक्ति के साथ उसके धर्म जाति वंश जन्म स्थान और उसकी स्त्री या पुरुष होने के आधार पर भेदभाव नहीं किया जा सकता | 3--हर व्यक्ति सार्वजनिक स्थानों पर जा सकता है| 4--अस्पृश्यता (छुआछूत) का उन्मूलन कर दिया गया | शासन में संविधान द्वारा मान्य किए गए समानता के अधिकार को 2 तरह से लागू किया जाता है | पहला कानून बनाकर तथा दूसरा सरकारी योजना और कार्यक्रमों के द्वारा | सरकारी कार्यक्रम अवसर की ...
राजनीति विज्ञान (POLITY) कक्षा 6 (CLASS-6) अध्याय 1 ( Chapter -1) विविधता की समझ लोग जब नई जगह में बसना शुरू करते हैं तो उनके रहन-सहन में थोड़ा बदलाव आ जाता है कुछ चीजें भी नई जगह कि अपना लेते हैं और कुछ चीजें पर पुराने ढर्रे पर चलते रहते हैं इस तरह उनकी भाषा भोजन संगीत धर्म आदि में नए और पुराने का मिश्रण होता रहता है उनकी संस्कृति और नई जगह की संस्कृति में आदान-प्रदान होता है और धीरे-धीरे मिश्रित यानी मिली-जुली संस्कृति उभरती हैं इस तरह के कई क्षेत्र अपने विशिष्ट इतिहास के कारण विविधता संपन्न हो जाते हैं| IMPORTANT POINTS DIRECT FROM CHAPTER 1)लद्दाख के रास्ते ही बौद्ध धर्म तिब्बत पहुंचा लद्दाख को छोटा तिब्बत भी कहते है 2)तिब्बत का ग्रंथ केसर सागा लद्दाख में काफी प्रचलित है 3)सबसे पहले अरबी यहूदी व्यापारी केरल आए थे 4)ईसा मसीह के धर्म दूत सेंट थॉमस लगभग दो हजार पहले यहां आए भारत में ईसाई धर्म लाने का श्रेय उन्हीं को दिया जाता है 5) केरल में मछली पकड़ने के लिए प्रयोग किए जाने वाले जाल को चीना-वला कहते हैं तथा तलने के लिए प्रयोग किए जाने ...
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